वायस ऑफ पानीपत (देवेंद्र शर्मा)
प्रदेश में नेशनल हाईवे और एक्सप्रेस-वे के लिए अधिग्रहित जमीन के रेट को लेकर सरकार ने केंद्र को रिवाइज रेट का प्रस्ताव भेजा है। यह प्रस्ताव केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय को गया है। दरों को रिवाइज करने की स्वीकृति वहीं से मिलेगी।
हालांकि पहले तय मुआवजे का 80 प्रतिशत लोगों को मुआवजा दिया जा चुका है। यह जानकारी मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने दिल्ली में राष्ट्रीय राजधानी योजना बोर्ड की बैठक में भाग लेने के बाद मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने मीडिया से बातचीत में दी।


उन्होंने बताया कि प्रदेश के करनाल व जींद जिलों की उप क्षेत्रिय योजना को राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र योजना बोर्ड की ओर से स्वीकार किया गया है। इससे यहां पर और विकास हो सकेगा। उन्होंने कहा कि दिल्ली से हिसार तक तेज गति से दौड़ने वाली ट्रेनों के अनुसार पटरियां डेवलेप की जाएंगी।
कुंडली-मानेसर पलवल एक्सप्रेसवे के साथ सामानांतर रूप से आर्बिटल रेल प्रणाली विकसित किए जाने के लिए डीपीआर तैयार की जा चुकी है। बैठक में वन क्षेत्रों को परिभाषित किए जाने के लिए एक समिति गठित किए जाने का निर्णय लिया गया। अरावली व पहाड़ियों को लेकर भी एक समिति का गठन होगा।


सीएम मनोहर लाल ने सुबह पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में शहर के पार्षदों के साथ बैठक की। पार्षदों से शहर के विकास और समस्याओं के बारे में चर्चा की। इसके बाद सीएम ने सेक्टर-13 और खुराना मार्केट में पॉलीथिन चेक किए, दुकानदारों से प्लास्टिक का यूज पूरी तरह बंद करने की बात कही।
TEAM VOICE OF PANIPAT

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